-
☰
No image found.
उत्तर प्रदेश: टीशू पेपर की आड़ में 50 लाख का गांजा बरामद, 2 अंतरराज्यीय तस्कर गिरफ्तार
- Photo by : social media
संक्षेप
उत्तर प्रदेश: संतकबीरनगर जिले में पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए टीशू पेपर की आड़ में गांजा तस्करी का खुलासा किया है।
विस्तार
उत्तर प्रदेश: संतकबीरनगर जिले में पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए टीशू पेपर की आड़ में गांजा तस्करी का खुलासा किया है। कोतवाली खलीलाबाद पुलिस, एसओजी और सर्विलांस सेल की संयुक्त टीम ने एनएच-27 स्थित मगहर पुलिस चौकी के पास एक अशोका लीलैंड डीसीएम को रोककर तलाशी ली। तलाशी के दौरान पुलिस ने टीशू पेपर के बंडलों के बीच छिपाकर रखी गई 167.710 किलोग्राम अवैध गांजे की खेप बरामद की। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 50 लाख रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने मौके से दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पंजाब के लुधियाना निवासी चंचल सिंह और राहुल के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपी डीसीएम वाहन में टीशू पेपर के बंडलों के बीच सात बोरियों में गांजा छिपाकर उड़ीसा से पंजाब ले जा रहे थे। पुलिस ने दोनों के खिलाफ कोतवाली खलीलाबाद थाने में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस के मुताबिक, 12 अगस्त की रात मगहर पुलिस चौकी के पास एनएच-27 पर गोरखपुर की ओर से आने वाले वाहनों की चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान पुलिस टीम ने टॉर्च की रोशनी का संकेत देकर एक अशोका लीलैंड डीसीएम को रुकवाया। वाहन में चालक समेत दो लोग सवार मिले। पूछताछ में उन्होंने शुरुआत में वाहन में केवल टीशू पेपर लदा होने की बात कही। हालांकि, पुलिस ने जब कड़ाई से पूछताछ की तो दोनों ने टीशू पेपर के बंडलों के बीच गांजा छिपाकर ले जाने की बात स्वीकार की। पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर बताया कि वे उड़ीसा में संपर्कों के जरिए गांजा हासिल करते थे और उसे डीसीएम में टीशू पेपर के बीच छिपाकर पंजाब ले जाते थे। पंजाब पहुंचने के बाद ग्राहकों की तलाश कर गांजा ऊंचे दामों पर बेचते थे। पुलिस के अनुसार, श्रावण माह में प्रयागराज की ओर कांवड़ियों की अधिक आवाजाही और जगह-जगह बैरिकेडिंग व चेकिंग को देखते हुए आरोपियों ने प्रयागराज के बजाय बनारस से गोरखपुर होते हुए पंजाब जाने का रास्ता चुना। पुलिस ने गांजे के अलावा तस्करी में इस्तेमाल डीसीएम, तीन मोबाइल फोन, एक पर्स, पांच ड्राइविंग लाइसेंस, एक एटीएम कार्ड, एक पैन कार्ड और 500 रुपये नकद भी बरामद किए हैं। डीसीएम के आवश्यक दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने पर वाहन को मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 207 के तहत सीज कर दिया गया है। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में दोनों आरोपियों का कोई आपराधिक इतिहास सामने नहीं आया है। अब संबंधित जिलों से संपर्क कर उनके पुराने रिकॉर्ड और गांजा तस्करी के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की जानकारी जुटाई जा रही है। इस बड़ी कार्रवाई के बाद पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने गिरफ्तारी और बरामदगी करने वाली पुलिस टीम को प्रोत्साहित करने के लिए 25 हजार रुपये नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है।
उत्तर प्रदेश: फर्रुखाबाद में कच्चे मकान की दीवार गिरी, 22 वर्षीय युवती की मौत; कई लोग मलबे में दबे
उत्तर प्रदेश: फर्रुखाबाद में कच्चे मकान की दीवार गिरी, 22 वर्षीय युवती की मौत; कई लोग मलबे में दबे
बिहार: नवादा में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू, अब शहर के दूसरे इलाकों पर नजर
उत्तर प्रदेश: बलरामपुर में मिशन शक्ति को मिलेगी मजबूती, गांव-गांव होंगे ‘बहू-बेटी सम्मेलन’
