-
☰
No image found.
Delhi Crime News: लग्जरी कार चोरी सिंडिकेट पर MCOCA का एक्शन, मास्टरमाइंड समेत 5 आरोपी नामजद
- Photo by : NCR SAMACHAR
संक्षेप
दिल्ली: दिल्ली-एनसीआर में लग्जरी कारों की चोरी कर उन्हें दूसरे राज्यों में ठिकाने लगाने वाले कथित सिंडिकेट के खिलाफ दिल्ली क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई की है।
विस्तार
दिल्ली: दिल्ली-एनसीआर में लग्जरी कारों की चोरी कर उन्हें दूसरे राज्यों में ठिकाने लगाने वाले कथित सिंडिकेट के खिलाफ दिल्ली क्राइम ब्रांच ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने गैंग के कथित मास्टरमाइंड अमित नागर उर्फ सोनू समेत पांच आरोपियों के खिलाफ महाराष्ट्र संगठित अपराध नियंत्रण अधिनियम के तहत कार्रवाई की है। पुलिस का दावा है कि यह गिरोह अब तक 200 से अधिक वाहन चोरी कर चुका है। मास्टरमाइंड पर करीब 50 मामले दर्ज क्राइम ब्रांच के अनुसार, रोहिणी निवासी अमित नागर के खिलाफ करीब 50 आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस ने उसे वाहन चोरी से जुड़े एक मामले में 3 जून को गिरफ्तार किया था। इसके बाद उसे जेल से प्रोडक्शन रिमांड पर लेकर पूछताछ की गई, जिसमें कथित तौर पर गैंग के नेटवर्क और काम करने के तरीके से जुड़े कई अहम सुराग मिले। जांच के दौरान पुलिस को यह भी पता चला कि अमित नागर पिछले करीब चार वर्षों से रोहिणी स्थित एक अपार्टमेंट की रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) का अध्यक्ष था। पुलिस के मुताबिक, वह सामाजिक तौर पर सामान्य छवि बनाए रखते हुए कथित तौर पर वाहन चोरी के नेटवर्क को संचालित कर रहा था। अलग-अलग राज्यों तक फैला था नेटवर्क पुलिस के मुताबिक, गिरोह दिल्ली-एनसीआर से लग्जरी वाहनों को चोरी करने के बाद उन्हें अलग-अलग राज्यों में भेजता था। जांच में दिल्ली के अलावा मणिपुर, मेरठ, मुरादाबाद, संभल और बुलंदशहर समेत कई इलाकों से जुड़े लोगों के नेटवर्क में शामिल होने की बात सामने आई है। जरूरत के मुताबिक गैंग में नए सदस्यों को जोड़े जाने का भी आरोप है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, अमित नागर, उसके भाई प्रमोद नागर निवासी बुलंदशहर, मेरठ निवासी अशरफ सुल्तान, मणिपुर निवासी तोइजाम नटराज सिंह और मुकेश सिंह के खिलाफ MCOCA लगाने की मंजूरी 11 जुलाई को क्राइम ब्रांच के ज्वाइंट सीपी सुरेंद्र कुमार ने दी थी। 200 से ज्यादा गाड़ियां चोरी करने का दावा क्राइम ब्रांच ने भजनपुरा थाने में 18 जनवरी 2026 को दर्ज वाहन चोरी के मामले को आधार बनाकर MCOCA की कार्रवाई की है। पुलिस का आरोप है कि अमित नागर सिंडिकेट का मुख्य संचालक था और चोरी की गाड़ियों की योजना बनाने से लेकर उन्हें ठिकाने लगाने तक अहम भूमिका निभाता था। प्रारंभिक जांच के आधार पर पुलिस का दावा है कि इस कथित सिंडिकेट ने अब तक 200 से ज्यादा लग्जरी गाड़ियां चोरी की हैं। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों, चोरी किए गए वाहनों के खरीदारों और उन्हें दूसरे राज्यों में खपाने वाले नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है। जांच आगे बढ़ने के साथ इस नेटवर्क से जुड़े अन्य आरोपियों पर भी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।
